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कोठे से आजाद कराया और कर ली शादी, हर किसी को जाननी चाहिए, ये प्रेम कहानी

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कोठे से आजाद कराया और कर ली शादी, हर किसी को जाननी चाहिए, ये प्रेम कहानी - प्यार को इस दुनिया का सबसे खुबसूरत एहसास माना जाता है। जब भी कोई किसी से सच्चा प्यार करता है तो उसे अपने प्यार के अलावा और कुछ भी नजर नहीं आता। प्यार कितना प्यारा होता है इस पोस्ट को पढ़ने के बाद पता चलेगा। ये मामला है मध्य प्रदेश का एक लड़का जिसका नाम आकाश हैं। उसे एक लड़की से प्यार हो गया और उसे पाने के लिए अपनी जान को जोखिम मे डाल दिया। हालंकि उन दोनों का प्यार रंग लाया और उन्होंने कोर्ट पहुंचकर शादी कर ली। साथ ही इस युवक ने अपने पूरे समाज को एक सकारात्मक संदेश भी दिया है।


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जानकारी के लिए बता दें आकाश और भारती दोनों बांछड़ा समुदाय से हैं, यह वही बांछड़ा समुदाय है जो अपने ही बच्चों को वेश्यावृत्ति जैसे दलदल में धकेल देता है| बता दें कि मालवा के नीमच, मन्दसौर और रतलाम जिलों के के आसपास इस समुदाय के करीब 250 डेरे हैं जो खुलेआम वेश्यावृत्ति करते हैं। इस समुदाय के लोग अपनी खुद अपनी बच्चियों को इस गंदे काम में धकेल देते हैं। चंद रूपयो में इन बच्चियों के.... के साथ खेला जाता है। हैरानी की बात तो यह है कि काफी सालों से यह काम हो रहा है लेकिन प्रशासन ने अभी तक इसे बंद कराने के लिए कोई कदम नहीं उठाया है।

आजतक की एक रिपोर्ट के अनुसार बांछड़ा समुदाय में बच्चियों के साथ इस तरह का अन्याय देखकर कर इस प्रेमी आकाश का खून खोलता है। लेकिन समुदाय के सामने यह कुछ भी नहीं कर पाता है। आकाश नाम के इस युवक ने पुलिस से कहा कि अगर प्रशासन साथ दे तो वह इस गंदगी को मिटाने के लिए प्रयास करेगा। इतना ही नहीं यह आकाश इसके लिए ‘फ्रीडम फर्म’ नाम के एनजीओ के साथ मिलकर काम भी करने लगा है। उसने बताया कि अब तक वह करीब 60 लड़कियों से ज्यादा को देह व्यापार के दलदल आजाद करा चुका है। उसने बताया की तीन साल पहले एक रेस्क्यू के दौरान भारती से मुलाकात हुई थी। हालांकि उस दौरान नाबालिग थी जो आगे पढना चाहती थी। लेकिन उसकी मां ने उसे इस गंदगी मे धकेल दिया था।आकाश ने किसी तरह भारती को नीजम के एक होस्टल में भर्ती कर दिया था|
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