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साल 2020 की वो लड़कियाँ जिन्होंने केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार की नाक में कर दिया दम



दिल्ली-यूं तो साल 2020 पूरी दुनिया के लिए बहुत खास नही रहा क्योंकि साल की शुरुआत में ही कोरो’ना जैसी महा’मा’री ने पूरी दुनिया को घरों में कै’द होकर रहने पर विवश कर दिया था।बात करें भारत देश की तो जहाँ एक तरफ साल 2020 की शुरुआत ही CAA और NRC जैसे कानूनों के विरोध प्रदर्शन से हुई तो हालात बहुत अच्छे नही रहे क्योंकि 2020 की शुरुआत ही देश भर में विरोध प्रदर्शनों से हुई।

CAA के खिला’फ हो रहे आंदोलन सुर्खियों में रहा और तभी शांत हुआ जब मार्च महीने से पूरी दुनिया के साथ भारत भी कोरो’ना की चपेट में आया।ये वो समय था जब पूरी दुनिया ने पहली बार लॉकडाउन जैसा नाम सुना और उसे अपने जीवन मे उतारने पर मजबूर हुआ।इसी बीच उत्तर प्रदेश के हाथरस में हुए दलित लड़की के सामूहिक ब’ला’त्का’र और यूपी की योगी सरकार की पुलि’स की ब’र्ब’र’ता ने इस मु’द्दे के विरो’ध में पूरे देश को विरो’ध प्र’दर्शन करने पर म’ज’बू’र कर दिया।ये मामला ख’त्म ही होता कि केंद्र सरकार ने कृ’षि कानून लाकर किसानों को स’ड़’क पर उतर कर आं’दोलन करने पर म‘ज’बु’र कर दिया जो आज भी पूरे ज़ो’र’शो’र के साथ चल रहा है।इनमें कुछ लड़कियों ने नि’ड’र होकर सरकार की गल’त नीतियों और पुलि’सि’या ब’र्ब’र’ता का ड’ट कर मुकाबला किया जिसमें कुछ नाम मुख्य हैं।

नेहा भारती,सोशल एक्टिविस्ट दिल्ली



नेहा भारती दिल्ली यूनिवर्सिटी की छात्रा हैं और दो साल से बतौर सामाजिक कार्य’क’र्ता भी काम कर रही हैं।नेहा भारती आज देश भर में जानी जाती हैं।दिल्ली की रहने वालीं हैं जो एक सा’धा’र’ण परिवार से हैं।उन्होंने केंद्र की नरेंद्र मोदी सरकार की गल’त नी’ति’यों के विरो’ध में मु’ख’र होकर स’ड़’कों पर प्र’दर्शन किया जिसमें नागरिकता कानून,महि’ला’ओं का ब’ला’त्का’र और उनकी सु’रक्षा से लेकर वर्तमान में चल रहे किसान आं’दोलन मुख्य हैं।नेहा सबसे ज़्यादा उस समय सु’र्खि’यों में आईं जब हाथ’रस में हुए द’लि’त लड़की के सामूहिक ब’ला’त्का’र और ह’त्या के विरो’ध में वो अपने कपड़ों को फा’ड़ कर ब’ला’त्का’र पी’ड़ि’ता की वे’श’भू’षा में उन्होंने दिल्ली के जंतर मंतर पर अकेली विरो’ध प्र’दर्शन किया और मुख्यधारा के कई मीडिया चैनलों की सु’र्खि’यां बनीं।किसान आं’दोलन ने नेहा को अलग ही पहचान दी वजह थी कि नेहा आं’दोलन शुरू होने के पहले दिन से ही आं’दोलन कर रहे किसानों के लिए कभी खाना बना कर ले जातीं तो कभी उनके लिए सर्दी के ग’र्म कपड़े बांटती जिसकी वजह से किसानों ने नेहा को देश की बेटी कहना शुरु किया और देखते ही देखते नेहा को किसान आं’दोलन का जाना पहचाना नाम बना दिया।

सुमैया राना, सोशल एक्टिविस्ट लखनऊ



सुमैया राना वैसे तो एक बड़े घराने से ताल्लुक रखती हैं क्योंकि वो मशहूर शायर मुनव्वर राना की बेटी हैं।लेकिन सुमैया राना की पहचान तब तक सिर्फ मुनव्वर राना की बेटी के तौर पर ही रही।नागरिकता कानून के खिला’फ लखनऊ के घं’टा घर पर सुमैया राना ने आं’दोलन शुरू किया जिसमें महि’ला’ओं की एक बड़ी संख्या देखने को मिली।इस दौरान सुमैया राना पर यूपी पुलि’स ने कई मु’क़’द’मे भी द’र्ज किए लेकिन वो उसकी पर’वाह किये बिना आं’दोलन को आगे बढ़ाती रहीं और आं’दोलन तभी खत्म किया जब कोरो’ना ने देश को अपनी च’पे’ट में लिया।सुमैया राना बीते दिनों उत्तर प्रदेश के मुख्य वि’पक्षी दल समाजवादी पार्टी में शामिल हो गईं।पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने खुद अपने हाथों से सुमैया राना को पार्टी की सदस्यता दिलाई।

पूजा यादव बुंदेलखंडी,समाजवादी पार्टी



पूजा यादव बुंदेलखंड के एक आम परिवार से आती हैं जहां महिलाओं को बिना घूंघट के बाहर निकलना भी मुश्किल होता है।पूजा यादव ने बुंदेलखंड से लेकर लखनऊ तक मे महि’ला’ओं की सु’रक्षा को लेकर और ते’ज़ी से बढ़ रही ब’ला’त्का’र की घ’ट’ना’ओं पर कई बार स’ड़’कों पर उतर कर विरो’ध प्र’दर्शन किया।हाथ’रस ब’ला’त्का’र कां’ड के खिला’फ भी पूजा ने लखनऊ में विरो’ध प्र’दर्शन किया और उन्हें उस समय गि’र’फ्ता’र करके जे’ल भी भेज दिया गया जब वो मुख्यमंत्री आवास पर पहुंच कर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ को चू’ड़ि’यां भें’ट करने पहुंची थीं।पूजा यादव बुंदेलखंडी को कई दिन में जे’ल में रहने के बाद ही रिहा’ई मिल पाई लेकिन पूजा उसके बाद भी उसी जो’श के साथ भाजपा सरकार के ख़िला’फ़ आ’क्रा’म’क हैं जैसे पहले रही हैं।
आपको निचे दी गयी ये खबरें भी बहुत ही पसंद आएँगी।
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